अर्नव गोस्वामी को कांग्रेस नेताओं द्वारा पॉइंट करने सिलसिला अभी भी ज़ारी है। महाराष्ट्र की मुंबई पुलिस ने रिपब्लिक TV के पत्रकार अर्नब गोस्वामी से 12 घंटों से ही डा वक़्त तक लगातार पूछताछ की। फिर पूछताछ के बाद अर्नव एक बार फिर चैनल पर दिखे और सोनिया गाँधी से सवाल पूछे। पुलिस द्वारा 12 घंटों की पूछताछ के बाद अर्नब गोस्वामी ने कहा कि वो अपने बयान पर अब भी कायम हैं।
अर्नब गोस्वामी ने मीडिया में बताया कि उन्होंने पुलिस के साथ पूरा कोआपरेट किया है और अगर उन्हें फिर से बुलाया जाता है, तब वो हाज़िर होंगे। इसके अलावा उन्होंने कहा कि उन्हें गिरफ़्तार होने का भी भय नहीं है। अर्नब गोस्वामी ने बताया कि मसला वो नहीं हैं, बल्कि असली मसला पालघर मामले का है। इस दौरान अर्नब के वकील सुजय कान्तवाला भी उनके साथ मौजूद रहे। अर्नब ने पूछताछ के दौरान कहा कि उन्होंने जो भी बयान दिया है, वो सच है और वे उस पर कायम हैं।.
अर्नब गोस्वामी का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल है जिसमे वे कहते है की उनसे जो भी सवाल किए गए, उन सभी का जवाब उन्होंने दिया और इसके अलावा अपने बयानों के सत्यापन के लिए सारे सबूत भी पेश किए। उन्होंने अपने वकील और मुंबई पुलिस का धन्यवाद व्यक्त करते हुए कहा कि सच्चाई की अंततः जीत होगी। उनके वकील ने कहा कि अर्नब ने पुलिस जाँच में पूर्ण सहयोग दिया है। पूछताछ के बाद स्टूडियो लौटते हुए गोस्वामी ने Sonia Speak Up Now टैग के साथ न्यूज़ शो में भौकाल ला दिया।
इसके बाद भी कांग्रेस नेताओ का अर्नव का वार निरंतर ज़ारी है। कांग्रेस नेता उदित राज ने भी अर्नब गोस्वामी पौंट करते हुए कहा और जात पात पर उतर आया। उदित राज ने पत्रकार अर्नब को ‘गोस्वामी जी’ कहते हुए ट्विटर पर लिखा कि ‘अर्नब गोस्वामी थाने में हाजिरी लगा रहे। वो जमाना गया जब किसी खास जाति का होने का प्रिविलेज मिल जाता था “गोस्वामी जी” अब देश में मनुस्मृति नहीं बाबा साहब डा। अम्बेडकर का संविधान चलता है।’ कांग्रेस नेता ने ने बयान में अर्नव की जाती गोस्वामी को पॉइंट किया है। अब कांग्रेस नेता जात पात की राजनीति पर उतर आये हैं।
कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के खिलाफ कथित सवाल करने के मामले में मुंबई पुलिस ने आज भारत के आने माने टीवी चैनल रिपब्लिक के एडिटर इन चीफ अर्नब गोस्वामी से 12 घंटों पूछताछ की। मुंबई पुलिस के इस कार्रवाई को लेकर राजनीति में उबाल आ गया है। बीजेपी ने आरोप लगाया है कि महताष्ट्रा राज्य सरकार के इशारे पर पुलिस अर्णव गोस्वामी को बेमतलब परेशान कर रही है।
अर्णब गोस्वामी ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को सिरे से इंकार है। उन्होंने कहा कि मुझे देश की न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है। मैंने जो कुछ भी कहा उस पर आज भी कायम हूं। उन्होंने कहा कि मेरे और मेरी पत्नी के ऊपर हुयी घटना के मामले में भी पुलिस को इसी तत्परता के साथ जांच करनी चाहिए। इसे लेकर उन्होंने पुलिस कमिश्नर को एक पत्र भी लिखा है।
यह घटना पत्रकार अर्नब के घर से कछ ही दूरी पर अंजाम दी गई। जब अर्नब अपने ऑफिस स्टुडिओ से घर जा रहे थे। तब घर से लगभग 400 मीटर की दूरी पर बाइक सवारों ने उनकी कार पर अपनी बाइक सत्ता कर इस कायराना घटना को अंजाम दिया। उस वक्त अर्णव की पत्नी भी कार में मौजदू थीं। इस वक़्त अर्नब स्वयं कार ड्राइव कर रहे थे और उनकी पत्नी भी साथ में मौजूद थीं। इस घटना के वक़्त कार के शीशे को तोड़ने की कोशिश की गई और जब शीशा नहीं टूटा, तो कार पर स्याही फेंक दी गई।
इस घटना के तुरंत बाद अर्नब के सुरक्षा में तैनात सुरक्षाकर्मियों ने उन दोनों को पकड़कर पूछताछ के लिए पुलिस के हवाले कर दिया। सुरक्षाकर्मियों के मुताबिक अर्नब पर इस घटना को अंजाम देने वाले बाइक सवार यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता थे। आपको बता दे की जिन 2 कथित कांग्रेस वर्कर्स ने अर्णव गोस्वामी पर घटना को अंजाम दिया था, उनको बेल पर छोड़ दिया गया है।